
अदिति वेज धनिया
गर्म, धूपदार, पाला‑रहित जलवायु में उत्तम। अच्छी जल‑निकास वाली सिल्ट/दोमट, जैविक पदार्थ से समृद्ध (pH 6.0–7.0)। रबी बुवाई: मध्य अक्तूबर–मध्य नवम्बर.
मुख्य विशेषताएं
- Deep summer ploughing (2–3 weeks) to solarize
- Beds/channels for irrigated fields; compacted, well-prepared soil for rainfed
- Biofertilizer Azospirillum @ 1.5 kg/ha to improve stand
- Avoid overwatering to prevent root rot/waterlogging
- Manual weeding/hoeing; pre-emergence herbicide as needed
- Pollinator safety: avoid pesticide sprays in evening
खेती संબंधित जानकारी
खेती की स्थितियां
अनुकूल तापमान 20–25°C. वर्षा आधारित क्षेत्रों में नमी संरक्षण हेतु भारी मिट्टी उपयुक्त. सिंचित खेतों में बेड/चैनल बनाएं; वर्षा आधारित में भूमि समतल व सघन रखें.
उत्पादन का अनुमान
हरी पत्तियों हेतु परिपक्व होते ही कटाई. बीज हेतु फल पीले‑भूरे होने व पूर्ण सूखने पर कटाई व मड़ाई करें.
पैकेजिंग और उपयोग
बीज दर: सिंचित 10–12 किग्रा./हे.; वर्षा आधारित 20–25 किग्रा./हे. दूरी: कतार 30 सेमी, पौधा 10 सेमी. विधि: ड्रिलिंग/प्रसारण.
मुख्य बिंदु
मुख्य बिंदु
- Deep summer ploughing (2–3 weeks) to solarize
- Beds/channels for irrigated fields; compacted, well-prepared soil for rainfed
- Biofertilizer Azospirillum @ 1.5 kg/ha to improve stand
- Avoid overwatering to prevent root rot/waterlogging
- Manual weeding/hoeing; pre-emergence herbicide as needed
- Pollinator safety: avoid pesticide sprays in evening
कृषि और प्रबंधन
मिट्टी
अच्छी जल‑निकास वाली सिल्ट/दोमट, जैविक पदार्थ अधिक; pH 6.0–7.0. वर्षा आधारित में भारी चिकनी मिट्टी लाभकारी.
पानी और सिंचाई
पहली सिंचाई बुवाई के तुरंत बाद; आगे हर 7–10 दिन पर. सूखे में 15 दिन पर. अधिक सिंचाई/जलभराव से बचें.
बुवाई
तैयारी
गर्मियों में 2–3 सप्ताह गहरी जुताई कर मिट्टी को धूप में खुला छोड़ें. सिंचित में बेड/चैनल बनाएं; वर्षा आधारित में भूमि सघन करें. बेहतर अंकुरण हेतु बीज आधा तोड़ें.
बुवाई की गहराई
1–2 सेमी उथली बुवाई.
दूरी
30 सेमी कतार × 10 सेमी पौधा.
बुवाई के तरीके
- •ड्रिलिंग
- •प्रसारण
बुवाई का समय
बीज दर
10–12 किग्रा./हे. (सिंचित), 20–25 किग्रा./हे. (वर्षा आधारित)
कटाई
हरी पत्तियों हेतु इच्छित परिपक्वता पर पत्तियाँ/पूरा पौधा काटें. बीज हेतु फल पीले‑भूरे होने व सूखने पर काटें और थ्रेसिंग करें.
उर्वरक
मध्यम पोषक: संतुलित जैविक उर्वरक (NPK 5‑5‑5 या 10‑10‑10) हर 4–6 सप्ताह दें.
खरपतवार नियंत्रण
धनिया खरपतवार प्रतिस्पर्धा में कमजोर; हाथ से निराई/कुदाई. प्रारंभिक अवस्था में प्री‑इमर्जेंस हर्बीसाइड प्रयोग किया जा सकता है.
कीट और रोग प्रबंधन
आम कीट: माहू, स्टेम गॉल; रोग: विल्ट, पाउडरी मिल्ड्यू—प्रतिरोधी किस्में व सांस्कृतिक उपाय अपनाएँ; मधुमक्खियों की सुरक्षा हेतु शाम को छिड़काव न करें.

